जून २,२०२६
ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏
# ३०२६
जिनकी तेरी रूह को है तलाश
जिनकी तेरी रूह को है तलाश
वे हैं तुझसे भी ज़्यादा तेरे पास
इसलिए ना हो उदास
बस उन संग जोड़ ले श्वास।
जितना अपने भीतर जाएगा
उन्हें तू उतना करीब पायेगा
जितना पहुँचेगा अपने गिरेबान में
उतनी आसानी होगी तेरी रूह को उनकी पहचान में।
गिरेबान की गूढ़ गहराई में
भीतर की एकांत तन्हायी में
होगा गुरुजी संग ऐसा मिलन
कि सफल हो जाएगा जीवन।
तेरी रूह तरस रही जिस एहसास को
ना छोड़ उसे पाने के प्रयास को
जब आयेगा गुरुजी के नाम का नशा
तो जैसी भी होगी भौतिकी दशा
तू ख़ुशी ख़ुशी मान लेगा जो होगी उनकी रज़ा
और तुझे नहीं लगेगा कि वो है सज़ा।
क्यूँकि गुरुजी की तलाश में तेरी रूह का सफ़र
ना जाने कितने जन्मों से चल रहा है अब तक
गुरुजी की कृपा बरस रही है आज और बरसती रहेगी कल
तू कोशिश तो कर, तेरा सफ़र वे करायेंगे मुकम्मल।
🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹
जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा
जिनकी तेरी रूह को है तलाश (06/02/2026)