…आपसे प्यार मेरा (07/09/2026)

जुलाई ९, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०६३

                                          …आपसे प्यार मेरा 

परम पूज्य गुरुवर मेरे,

अर्ज़ी है ये आप से
बचाना मुझे हर पाप से
दुख के समय में तो अपनी गोद में लेना ही, मेरे किरपाधार
परंतु सुख में भी मुझे अपनी गोद में ही रखना, मेरे परवरदिगार
ताकि अहंकार के कुएँ में ऐसे ना गिर जाऊँ
कि कभी वहाँ से निकल ही ना पाऊँ।

लेना मुझे डॉंट फटकार
अगर काबू से बाहर हो जाये मेरा अहंकार
और हौंसला बनाए रखना मेरा
जब कभी मुसीबत आए बारम्बार।

वैसी बनूँ मैं, जैसा आप चाहें
आपकी प्रेरणा से उत्साहित रहें मेरी राहें
मुझ पर रखना निरंतर निगरानी
ताकि मैं कभी ना कर पाऊँ आना-कानी।

जानती हूँ ज़माने में भटक जाना आसान है
और चलना मुश्किल है सही राह पर
आपके हुक्म पर करूँ सदा अमल
ना कि अपनी किसी प्रतिकूल चाह पर।

आपकी बख़्शीशों की बारिश होती रहे
मिलता रहे आपके आशीर्वाद का अमृत
ये निमानी आप में और खोती रहे
आपको ही चेते इसका चित्त।

आपके प्रति शुक्राना का भाव हो मेरे कतरे कतरे में
हर पल आपको सीस नवाऊँ
जितना आप दें मुझे
मैं उतनी और झुक जाऊँ।

आपसे ही परिवार मेरा है
आपसे ही संसार मेरा
कृपा कीजिए ऐसी दाता
कि हर पल बढ़े आपसे प्यार मेरा।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

…आपसे प्यार मेरा (07/09/2026)

अपने हुक्म में… (07/08/2026)

जुलाई ८, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०६२

                        अपने हुक्म में…

परम पूज्य गुरुजी महाराज,

अपने हुक्म में रखे रहिएगा
हमारे पर्दे ढकते रहिएगा
जैसा आप कराना चाहें हमसे
कृपा कर हमें कहिएगा।

हैं हम नादान इंसान
और आप हैं भगवान
बेशक लगे कभी कि दूरी है
पर रूह तो आपसे ही जुड़ी है।

इस जुड़ाव में है जो खिंचाव
उसे शिथिल कर देते हैं भौतिकवाद के चाव
आप कृपा कर बख्शिये सुमत और श्रद्धा का भाव
आपसे जुड़ कर भर जाये हमारा हर घाव।

ना जाने कितने जन्मों के घायल हैं हम
और इस जन्म में भी विकारों ने घाव दिए हैं जो
वे क्या है कम?
लेकिन कब तक जीते रहेंगे सह कर ये सब गम
और फिर ना जाने कब तोड़ देंगे हम दम…
हम ना जानें कुछ भी
और आप जानते हैं सब
आप ही जानें
कि कौन आपसे जुड़ने योग्य है कब…

हमें तार दीजिये
सुधार दीजिये
जीवन संवार दीजिये हमारा
बेड़ा पार कीजिए हमारा।

आप पर ही उम्मीद टिकी है
आप पर ही विश्वास
पावन कीजिए हमारा हर श्वास
आपसे है अरदास।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

अपने हुक्म में… (07/08/2026)

गुरुजी का अवतार दिवस है आज (07/07/2026)

जुलाई ७, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏 # ३०६१

            गुरुजी का अवतार दिवस है आज 

गुरुजी का अवतार दिवस है आज
मुबारक हो सारी संगत को
जगत को तारने आए गुरुजी महाराज
निखारने सभी की रूहों की रंगत को।

माता जी और बापू जी को विनम्र नमन
जो बने दिव्य माध्यम
देकर गुरुजी को जनम
संवारा सारी संगत का जीवन।

कोने कोने में संसार के
गूँजता है गुरुजी ना नाम
अनेकों सत्संग होते हैं उनके
उनकी मेहर से होता है कल्याण।

कलयुग और युग परिवर्तन के समय
इतनी आवश्यकता है गुरुजी के आशीर्वाद की
गुरुजी का नाम लेते लेते उज्जवल रहे
अपने भीतर ज्योत उनकी याद की।

इस ज्योत की लौ में रहे बरकरार
गुरुजी का नूर सदा सदा के लिए
उस नूर से हो भक्त के जीवन का अंधेरा दूर
उस नूर से बढ़ता जाये बंदगी का सुरूर।

गुरुजी का शुक्र करने के लिए
कम हैं सभी अल्फ़ाज़
अपनी सारी संगत के दिलों पर
गुरुजी महाराज करते हैं राज
गुरुजी की ही कृपा से
संवरते हैं संगत के काम काज
गुरुजी दीनदयाल हैं
रखते हैं भक्तों की लाज।

हर साल गुरुजी के अवतार दिवस पर
हम दोहरायें अपना वादा
कि गुरुजी के हुक्म का पालन करेंगे
पहले से भी ज़्यादा
उनके हुक्म के पालन में ही
है हमारा कल्याण
हम खुशनसीब हैं कि इंसान के रूप में
धरती पर आए सदाशिव भगवान।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

गुरुजी का अवतार दिवस है आज (07/07/2026)

आसमान के आँचल में… (07/06/2026)

जुलाई ६, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०६०

                आसमान के आँचल में…

आसमान के आँचल में
झूमते हैं चाँद तारे
गुरुजी के दिव्य आँचल में
पल रहे हैं हम सारे
आसमान भी तारे भी
गुरुजी के प्यारे सभी
सूरज की हर किरण
हर तरुवर और उपवन।

हर पक्षी, हर पशु
है गुरुजी का ही शिशु
धरती, अग्नि, और वायु भी
उनसे अर्ज़ी करें अपनी आयु की।

हर नदिया हर सागर
गुरु प्रेम से भरे अपनी गागर
हर कली हर फूल
बनना चाहे उनके चरणों की धूल।

हर जन जो आए गुरुजी की शरण में
उसे गुरुजी से हो जाये प्यार
इतनी अनोखी गरिमा है उनकी महिमा की
कि सभी उन्हें याद करें बार बार।

गुरुजी महाराज की कृपा बिन
अस्तित्व नहीं किसी का किसी भी दिन
गुरुजी हैं सुरक्षा की ढाल
वे करें सभी को निहाल
मर्ज़ी चले उनकी, उसी में है भला सब का
वैसे भी, कौन नकार सकता है वचन रब का।

गुरुजी का वचन सबसे पावन और शक्तिशाली
गुरुजी के हर वचन की गहरायी है निराली
जो वचन मान ले उनका, तर जाये हर वो प्राणी
गुरुजी के वचन पर अमल कर के सुहानी हो आगे की ज़िंदगानी।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

आसमान के आँचल में… (07/06/2026)

नया उत्साह लाता है हर सवेरा (07/05/2026)

जुलाई ५, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५९

          नया उत्साह लाता है हर सवेरा 

नया उत्साह लाता है हर सवेरा
नई उम्मीद जगाता है
सूरज भी उदय होने से पहले
गुरुजी के चरणों में झुक जाता है।

सूरज की हर किरण
करती है गुरुजी को सलाम
हर पंछी उड़ान भरते भरते
लेता है गुरुजी का नाम।

सारी संगत दिन भर
गुरुजी को याद कर
करती है जीवन बसर
पाकर गुरुजी की मेहर।

अस्त होते होते
गुरुजी में खोते खोते
सूरज विदा होता है
पर नहीं जुदा होता है
गुरुजी और उनकी याद से
उनके पावन आशीर्वाद से।

रात का आसमान
करता गुरुजी को प्रणाम
चाँद तारे सजदे में होते
गुरुजी के अमृत से पाप धोते
और फिर टिमटिमाते हुए
अपनी रोशनी फैलाते हुए
ख़ुशी से रात गुज़ारते
पर गुरुजी को नहीं बिसारते।

और पूरे कर दिन के काम
संगत करने लगती आराम
कोई बेफिक्र, कोई परेशान
कोई सहज से, कोई हैरान।

लम्हा हो जो भी और जैसा भी
सब खोए रहें गुरुजी में ही
गुरुजी ही गुरुजी हों बाहर और भीतर
बस, उनकी मेहर से हर पहर यूँ जाये गुज़र।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

नया उत्साह लाता है हर सवेरा (07/05/2026)

सुखदायी होगा सफ़र (07/04/2026)

जुलाई ४, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५८

                    सुखदायी होगा सफ़र 

मोह होता है बहुत ही दुखदायी
हर किसी ने इस से अशांति ही है पायी
फिर भी फँसते रहते हैं इसके जाल में
और ख़ुद को पाते हैं बेक़ाबू से हाल में।

पदार्थों में और लोगों में मोह
तरह तरह के भोगों में मोह
स्वयं ही करते हैं अहंकार को पोषित
अपने मन को करते हैं दूषित।

जिसे चाहें, उसे खोने का भय
और साथ में अक्सर क्रोध और संशय
इधर उधर की बातों का रिश्तों पर प्रभाव
कोई प्यारा दूर हो जाये तो सताये उसका अभाव।

गुरुजी महाराज में आसक्त हों जायें
भोगों से, लोगों से अनासक्त हो पायें
ये गुरुजी की मेहर से ही हो पाये
और जीना पहले से सरल हो जाये।

गुरुजी को आकर्षित करें अपनी ओर
उनकी याद में आसक्त रहकर
उनके प्रति प्रेम भाव में बहकर
उनसे दिल की हर बात कहकर।

कमी नहीं बदलते रिश्तों की
जीवन के रंग मंच पर
गुरुजी में जितना मग्न रहेंगे
उतना ही सुखदायी होगा सफ़र।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी🙏🙏
धीरजा

सुखदायी होगा सफ़र (07/04/2026)

सिमरन का सरोवर (07/03/2026)

जुलाई ३, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५७

                     सिमरन का सरोवर 

सिमरन के सरोवर में गोते खा कर
गुरुजी की महिमा का गुणगान गा कर
अपने भीतर गुरु प्रेम के रस को भर
गुरुजी की कृपा से तुम जाओगे तर।

सिमरन का सरोवर कोमल है
सिमरन का सरोवर निर्मल है
सिमरन के सरोवर में जो जल है
वो तन, मन, रूह के लिए शीतल है।

औषधि शक्ति है सिमरन में
उत्साह जगाती है जो मन में
आरोग्यता लाती है जो तन में
रूहानियत निखारती है जो जीवन में।

इस सरोवर में जाओगे जितनी गहराई में
रमते जाओगे उतना ही गुरुजी की वडियायी में
उनकी वडियायी में डूबने का नशा
संवार देगा तुम्हारी दिशा और दशा।

सिमरन के सरोवर में गुरुजी का आशीर्वाद है
सिमरन का सरोवर उनका दिया प्रसाद है
इस सरोवर की गहराई में कर पाओगे ध्यान
इस सरोवर में स्नान करने में है सम्पूर्ण कल्याण।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

सिमरन का सरोवर (07/03/2026)

शुक्राना उनकी मेहर-ए-नज़र का (07/02/2026)

जुलाई २, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५६

शुक्राना उनकी मेहर-ए-नज़र का

गुरुजी की शक्ति का
कोई नहीं लगा सकता अनुमान
उनकी शक्ति बेअंत है
वे हैं भगवानों के भी भगवान।

कोई नहीं दे सकता भक्त को उतना प्यार
जितना देते हैं गुरुजी परवरदिगार
उनका प्यार है असीम, निस्वार्थ, अनोखा
इस प्यार में कभी ना हो कोई धोखा।

कोई ना है वैद गुरुजी महाराज के जैसा
उनकी दी दवा है मर्ज़ का सर्वोत्तम इलाज
कोई नहीं बन सकता सहारा गुरुजी के जैसा
वे सदा रखते हैं अपने भक्तों की लाज।

कोई नहीं है गुरुजी के जैसा मित्र
उनके संग मित्रता है अत्यंत पवित्र
शिक्षक ना कोई होगा कभी गुरुजी से उत्तम
जो अपने शिष्य को सिखायें कैसे जीना है ये जीवन।

मार्गदर्शक गुरुजी के जैसा कोई नहीं
वे अपने शागिर्द को मार्ग दिखाएँ सही
कोई नहीं गुरुजी जैसा संचालक
कोई नहीं उनके जैसा प्रतिपालक।

कोई नहीं है गुरुजी महाराज जैसा जीवनदाता
यम देव भी गुरुजी के समक्ष जीत नहीं पाता
कोई नहीं गुरुजी के जैसा दानी
तभी तो संवर गई है उनकी संगत की जिंदगानी।

शुक्राना, शुक्राना, शुक्राना गुरुवर का
शुक्राना गुरुजी के दिव्य दर का
शुक्राना उनके दिए हर वर का
शुक्राना उनकी मेहर-ए-नज़र का।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

शुक्राना उनकी मेहर-ए-नज़र का (07/02/2026)

भवसागर के पार (07/01/2026)

जुलाई १, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५५

          भवसागर के पार 

अक्सर रूहानी ख़ुशबू की बहार
साथ में रूहानी प्यार
मिलता है बेशुमार
जब आते हैं गुरुजी के दरबार।

जन्नत भी इतनी सुंदर ना होगी
जितना सुंदर है गुरुजी का दरबार
सचखंड तो यहीं है
कहे पूरा गुरुपरिवार।

गुरुजी का चाय प्रसाद और लंगर प्रसाद
गुरुजी के सत्संग
गुरबानी का दिव्य रंग
भक्तों के मन में लाता है उमंग।

प्रकृति भी झुक कर करती है सलाम
जब जब लिया जाता है गुरुजी का नाम
गुरुजी का अमृत हरता है रोग को
आशीर्वाद मिलता है भोग को।

शबद की पवित्र आवाज़ जब पहुँचती है भीतर
तो शांति और स्थिरता छूती है मन को
अक्सर गुरुजी का रूहानी स्पर्श
महसूस होता है तन को।

गुरुजी की लीला है ये सब
है ये सब उनकी वडियायी
तभी तो संसार भर में
उनसे इतनी संगत है जुड़ पायी।

वो शांति, वो स्थिरता भीतर समा जाती है
परेशानी के समय में दिलासा दे पाती है
क्यूँकि जब तक हैं तन में प्राण
होते रहेंगे हमारे इम्तहान।

जो आए नन्हे से शिशु बन कर
वे बने गुरुजी महाराज
जिन्होंने कल तक ना जाना था उन्हें
उनमें से कई उन्हें जान चुके हैं आज
कल भी गुरुजी की कृपा से
उनसे जुड़ेंगे और भी जन
गुरुजी की शरण मिलने पर
संवरता है सबका जीवन।

आकाश से भी बड़ा है गुरुजी का आँचल
समस्त संसार रहा है इस आँचल में पल
संगत के अनगिनत कष्ट रहे हैं टल
सैंकड़ों की किस्मत रही है बदल।

ऐसे प्रतापी गुरुजी महाराज को नमन
बशर के रूप में आए स्वयं भगवन्
करने सारी संगत का उद्धार
ले जाने उन्हें भवसागर के पार।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

भवसागर के पार (07/01/2026)

पावन आस (06/30/2026)

जून ३०, २०२६

ओम नमः शिवाय
आज का सुविचार 🙏🙏

# ३०५४

                            पावन आस 

हम हैं इंसान
पाशों में हैं बँधे
माया और अविद्या से
हो जाते हैं अंधे…

कभी खींचती है हमें ख़ुशी
कभी निचोड़ लेता है गम
गुरुजी की याद में रहेंगे जितना ज़्यादा
ऐसे खिंचाव होंगे उतने ही कम
तभी तो पूरी तरह से
क्यों ना गुरुजी में जायेंगे रम।

फिर होगा वो एहसास
कि गुरुजी दूर नहीं, बल्कि हैं इतने पास
कि साँसों में समाये हैं
अस्तित्व पर यूँ छाये हैं
कि अपना तो कुछ है ही नहीं
बस गुरुजी हैं, बस गुरुजी ही।

इस दौरान आयेंगे उतार चढ़ाव
लेकिन जो निरंतर रहेगा गुरुजी की ओर बहाव
और जो उनके करीब होने का रहेगा चाव
तो गुरुजी की कृपा से फलित होगा हमारा भाव।

लालच की चट्टाने, पाप के पत्थर
और भी कई इम्तहान होंगे अक्सर
अगर भीगना है गुरुजी के आशीर्वाद में
तो इन सबके दौरान ज़रूरी है रहना गुरुजी की याद में।

इस याद में है वह अमृत
जो सींचेगा हमारे विश्वास को
जो ऊर्जा देगा हमारे प्रयास को
जो निखारेगा गुरु प्राप्ति की पावन आस को।

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

जय गुरुजी 🙏🙏
धीरजा

पावन आस (06/30/2026)